Alsi or Flex Seeds

|| महिलाओ के लिए के फायदे || :-

(Alsi or or ) की फसल सारे भारत में बहुतायत में पैदा होती है | के बीज (Alsi or or ) चिकने होते हैं | आयुर्वेदिक मतानुसार मधुर, बल को बढ़ाने वाली, पित्त का नाश करने वाली, पीठ के दर्द और सूजन को मिटाने वाली है | में कैल्शियम, फास्फोरस, आयरन, जिंक, केरोटिन, थायमिन, राइबोफ्लेविन और नियासिन, अल्फा लिनोलेनिक एसिड (ए.एल.ए) नाम का ओमेगा ३ वसा अम्ल, लिनोलक एसिड, लिगनेन, प्रोटीन, विटामिन सी, विटामिन ई व फाइबर पाए जाते हैं ।

(Alsi or or ) खाने के फायदे

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के बीज (Alsi or or ) इस्तेमाल करने के 12 तरीके

महिलाओ के लिए (Alsi or or ) के फायदे

(Alsi or or ) के सेवन के दौरान कुछ जानने वाली महत्वपूर्ण बातें

(Alsi or or ) खाने के फायदे:-

गनोरिया, नेफ्राइटिस, अस्थमा, सिस्टाइटिस, कैंसर, हृदय रोग, मधुमेह, कब्ज, बवासीर, त्वचा की बीमारियों एक्जिमा, सोराइसिस के उपचार में उपयोगी होने के साथ-साथ नाख़ून और बालो को स्वस्थ रखता है और आँखों, मस्तिष्क व नर्वस सिस्टम की कार्य प्रणाली मैं मदद करता है । के बीज मानसिक तनाव दूर करने और लाल रक्त कणों के कार्य में सहायक होते है | के बीज ब्लड प्रेशर और ब्लड शुगर को नियंत्रण में रखते है साथ ही यह एक बेहतरीन एंटी ऑक्सीडेंट भी होते है |
चयापचय की दर को बढ़ाता है एवं यकृत को स्वस्थ रखता है । प्राकृतिक रेचक गुण होने से पेट साफ रख कब्ज से मुक्ति दिलाता है ।
चरक के मतानुसार अलसी फोड़ों को पकाने की एक प्रसिद्ध औषधि है | को पानी में पीसकर उसमें थोड़ा सा जौ का सत्तू मिलाकर खट्टी दही के साथ लेप करने से फोड़ा पक जाता है |

अलसी (Alsi or or ) के बीज इस्तेमाल करने के तरीके :-

  1. को धीमी आंच पर हल्का सा भून कर मिक्सर में हल्का सा यानि दरदरा पीस कर किसी एयर टाइट डिब्बे में भरकर रख लें । रोज सुबह-शाम एक-एक चम्मच पावडर पानी के साथ लें । इसे सब्जी में, दाल में या जूस में मिलाकर भी लिया जा सकता है । इसे अधिक मात्रा में पीस कर नहीं रखना चाहिए, क्योंकि यह खराब होने लगती है इसलिए थोड़ा-थोड़ा ही पीस कर रखें ।
  2. एक चम्मच अलसी पावडर को 360 मिलीलीटर पानी में तब तक धीमी आंच पर पकाएं जब तक कि यह पानी आधा न रह जाए । थोड़ा ठंडा होने पर शहद या शक़्कर मिलाकर सेवन करें । सर्दी, खांसी, जुकाम में यह चाय दिन में दो-तीन बार सेवन की जा सकती है । अस्थमा में भी यह चाय बड़ी उपयोगी है । अलसी की चाय सूखी खाँसी, गल- नालियों की सूजन और फेफड़ों के कुछ हिस्से की सूजन में लाभदायक है |
  3. ों को गर्म पानी में उबालकर इसके साथ एक तिहाई भाग मुलेठी का चूर्ण मिलाकर काढ़ा बनाकर पीने से यूरिन संबंधी बीमारियों में यदा होता है |
  4. जिन लोगो को अस्थमा है उनके लिए एक और नुस्खा भी है । एक चम्मच अलसी पावडर आधा गिलास पानी में सुबह भिगो दें । शाम को इसे छानकर पी लें, फिर शाम को भिगोकर सुबह सेवन करें । ध्यान रहे की कांच का गिलास ही इस्तेमाल करे ।
  5. अलसी की पुल्टिस नासूर, फोड़ों और वायु नलियों के प्रदाह जैसी व्याधियों में लाभ पहुँचाती है | अलसी की पुल्टिस रोग में होने वाले दर्द और सूजन को दूर करती है |
  6. अलसी का सेवन भोजन के पहले या भोजन के साथ करने से पेट भरने का एहसास होकर भूख कम लगती है। इसके रेशे पाचन को सुगम बनाते हैं, इस कारण वजन नियंत्रण करने में अलसी सहायक है।
  7. क्षय रोग होने पर एक ओंस पीसकर रातभर ठण्डे पानी में भिगो कर रखें, सुबह इस पानी को छान कर इसमें निम्बू का रस मिलाकर पीना चाहिए |
  8. सुजाक रोग में ों के चूर्ण में मिश्री मिलाकर फंकी देने से व इसके तेल की 5 बूँद मूत्रेन्द्रिय के छेद में डालने से सुजाक रोग ठीक होता है |
  9. अलसी के तेल में सौंठ का चूर्ण डालकर गर्म करके मालिस करने से पीठ का दर्द ठीक होता है |
  10. अलसी की राख को गुदा के घाव पर लगाने से घाव भर जाता है |
  11. खाँसी को ठीक करने के लिए अलसी की बीजों को सेंककर चूरन बनाकर शहद के साथ चाटने से आराम होता है |
  12. खाँसी और गुर्दे की तकलीफ में अलसी बहुत लाभदायक है | इसकी छाल और पत्ते सुजाक के लिए उत्तम है | इसकी छाल को जलाकर यदि घाव पर लगाया जाए तो यह रक्त को बहने से रोकती है और घाव को जल्दी भर देती है | अलसी के फूल दिमाग व हृदय को बल देने वाले है |

महिलाओ के लिए अलसी (Alsi or or ) के फायदे :-

  • मनोपॉज़ के बाद इस्ट्रोजन का बनना कम हो जाने से महिलाओं में हॉट फ्लेशेज, ओस्टियोपोरोसिस जैसी कई परेशानियां होती है | जीवन के इस पड़ाव में लिगनेन बहुत राहत देता है | प्राकृतिक रूप से लेग्जेटिव का काम करते हैं |
  • गर्भावस्था में अलसी खाने से मां के शरीर को पर्याप्त ओमेगा-3 मिलता है | जो शिशु की आंखों व मस्तिष्क के समुचित विकास के लिए जरूरी है |
  • अलसी खाने से ब्रेस्ट फीड करवाने वाली मां में दूध अधिक बनता है | कई महिलाएं बेबी बर्थ के बाद मोटापे का शिकार हो जाती है पर से मिलने वाला लिगनेन ऐसा नहीं होने देता |

अलसी (Alsi or or ) के सेवन के दौरान कुछ जानने वाली महत्वपूर्ण बातें :-

  1. क्या आप जानते हैं कि अलसी का सेवन त्वचा पर बढ़ती उम्र के असर को कम करता है । अलसी एक बेहतरीन ब्यूटी प्रोडक्ट है | यह त्वचा में अंदर से निखार लाता है | त्वचा की बीमारियों जैसे मुंहासे, एग्जिमा, दाद, खाज, सूखी त्वचा, खुजली, बालों का सूखा व पतला होना, बाल झड़ना आदि में काफी असर कारक होता है |
  2. अलसी सेवन के दौरान पानी खूब पीना चाहिए। इसमें फायबर अधिक होता है, जो पानी ज्यादा मांगता है ।
  3. अलसी खाने से कुछ लोगों को शुरुआत में कब्ज हो सकती है ऐसा होने का कारण यह है की इसमें फायबर अधिक होता है, जो पानी ज्यादा मांगता है इसलिए ऐसा होने पर पानी ज्यादा पिएं |
  4. अलसी खून को पतला करती है इसलिए यदि आपको ब्लड प्रेशर की समस्या हो तो इसके सेवन से पहले डॉक्टर से परामर्श जरूर कर लें |

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